भारतीय रेलवे ने ट्रेनों और स्टेशनों पर मोबाइल के स्पीकर पर गाने, वीडियो या रील्स चलाने पर सख्त प्रतिबंध लगा दिया है। नियम तोड़ने पर 1000 रुपये जुर्माना और जेल की सजा हो सकती है।
भारत सरकार और दूरसंचार विभाग (DoT) ने स्पैम और फ्रॉड कॉल्स रोकने के लिए 1 नवंबर 2026 से 4G और 5G नेटवर्क पर CNAP सर्विस अनिवार्य कर दी है। जानिए इसके नियम, फीचर्स और प्राइवेसी से जुड़ी पूरी जानकारी।
मध्य प्रदेश सरकार ने स्वामित्व योजना के नियमों में बड़ा बदलाव किया है। अब प्रॉपर्टी की रजिस्ट्री पटवारी के नाम पर न होकर शासन के नाम होगी। राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा ने दी जानकारी।
1 अक्टूबर 2026 से एलपीजी गैस सिलेंडर बुकिंग के लिए बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन अनिवार्य कर दिया गया है। जानिए इसे पूरा करने के आसान तरीके, सब्सिडी के नियम और पूरी जानकारी हिंदी में।
घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर बुक करने के नियमों में बड़ा बदलाव किया गया है। पेट्रोलियम मंत्रालय ने बुकिंग का अंतर 45 दिन से घटाकर 25 दिन कर दिया है। अब ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के ग्राहक आसानी से नए नियम के तहत 25 दिन बाद अगला सिलेंडर बुक कर सकेंगे।
भारतीय शेयर बाजार में आज से प्री-ओपन आक्शन सेशन के नियमों में बड़ा बदलाव लागू हो गया है। एनएसई द्वारा शुरू किए गए इस नए सिस्टम का मुख्य उद्देश्य शुरूआती कीमतों के निर्धारण को अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनाना है। इसके साथ ही, अंतिम क्षणों में होने वाले भारी उतार-चढ़ाव को भी कम किया जा सकेगा।
CBSE ने NEP 2020 के तहत थ्री लैंग्वेज पॉलिसी को लेकर नई गाइडलाइन जारी की। कक्षा 6 से तीन भाषाएं अनिवार्य, 10वीं बोर्ड परीक्षा और छात्रों पर इसके प्रभाव की पूरी जानकारी यहाँ पढ़ें।
भोपाल रेल मंडल के यात्रियों के लिए सबसे अहम बदलाव बिना टिकट और नियमों के उल्लंघन से जुड़े किए गए हैं। अब बिना टिकट यात्रा करते पकड़े जाने पर न्यूनतम अतिरिक्त शुल्क 250 रुपए से बढ़ाकर 500 रुपए कर दिया गया है। अनियमित यात्रा या गलत टिकट पर यात्रा करने पर भी यही नियम लागू होंगे।
घरेलू रसोई गैस के इस्तेमाल और सब्सिडी के दुरुपयोग को रोकने के लिए केंद्र सरकार ने एक बड़ा और सख्त विधिक फैसला लिया है। सरकार ने गैस कंट्रोल आर्डर में बड़ा संशोधन करते हुए साफ कर दिया है कि अब देश के किसी भी एक घर में केवल एक ही एलपीजी कनेक्शन वैध माना जाएगा।
मध्यप्रदेश में लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम (पाक्सो) के केस के पीड़ित की आयु तय करने के लिए 10वीं कक्षा की मार्कशीट को ही अहम माना जाएगा। यह नहीं होने पर पहली कक्षा में प्रवेश के समय दर्ज आयु को आधार माना जाएगा।





















